
सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय के छात्र छात्राओं की शानदार जीत पर कुलपति प्रोफेसर बिहारी लाल शर्मा एवं कुलसचिव श्री राकेश कुमार ने बधाई दी है।
कुलपति प्रो शर्मा ने कहा कि विश्वविद्यालय में प्रतिभाओं की कमी नहीं है और ये प्रतिभाएं आगे भी विश्वविद्यालय का गौरव बढ़ाती रहेंगी। यह विश्वविद्यालय के बहुत हर्ष और गौरव का क्षण है। हमारे प्रतिभाओं का सम्मान इस प्रतियोगिता के माध्यम से हुआ है।इसमें छिपी हुई प्रतिभा को पहचानने का बहुत बड़ा प्लेटफार्म है।
नोडल अधिकारी डॉ विशाखा शुक्ला ने इस आशय की जानकारी देते हुए सभी प्रतियोगियों को इस कौशल के लिए बधाई दिया साथ में सहायक नोडल अधिकारी डॉ श्रुति उपाध्याय डॉ शैल पांडेय डॉ कंचन पाठक एवं डॉ प्रियंबदा दीक्षित एवं प्रशांत कुमार आदि उपस्थित रहे।
विजेताओं की सूची:
1 – सुगम संगीत पुरस्कार श्रेणी -40+
प्रथम स्थान- आलोक कुमार मिश्रा द्वितीय स्थान- कंचन दुबे तृतीय स्थान- स्वागता चटर्जी
2- लोकसंगीत-
प्रथम स्थान- आलोक कुमार मिश्रा द्वितीय स्थान- कंचन दुबे तृतीय स्थान- स्वागता चटर्जी
3 – आदिवासी संगीत प्रथम स्थान प्राप्त किया- पायल बैरागी।
4 – समूह गान प्रतियोगिता द्वितीय स्थान प्राप्त किया।
5 – सुगम संगीत 19से 40 वर्ष में तृतीय स्थान – विशाल उपाध्याय ने प्राप्त किया।
6- लोक संगीत तृतीय स्थान नम्रता तिवारीने प्राप्त किया ।
7शास्त्रीय नृत्य: प्रियंका मिश्रा द्वितीय स्थान।
8- लोक नृत्य: कोमल मिश्रा (द्वितीय स्थान।
9- नुक्कड़ नाटक: विश्वविद्यालय के प्रतिभागियों को तृतीय स्थान
पुरस्कार वितरण समारोह:

विजेताओं को राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार रवीन्द्र जायसवाल राज्यमंत्री दयाशंकर मिश्र दयालु जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती पुनम मौर्या वाराणसी मंडलायुक्त एस राजलिंगम मेयर अशोक तिवारी व मुख्य विकास अधिकारी ने मेडल व प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया।


