
वाराणसी। बनारस की जानी-मानी समाजसेवी शबा खान ने एक बार फिर अपने सामाजिक कार्यों और समर्पण से शहर का नाम रोशन किया है। जयपुर में आयोजित वर्ल्डवाइड सुपर लीग ओपन इंटरनेशनल ताइक्वांडो चैंपियनशिप में उन्हें मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया, जो उनके वर्षों के निस्वार्थ सेवा कार्यों का सम्मान है। पिछले 9 वर्षों से शबा खान लगातार समाज के कमजोर वर्गों के लिए जमीनी स्तर पर काम कर रही हैं। कोरोना काल हो या बाढ़ जैसी आपदाएं—उन्होंने हर परिस्थिति में जरूरतमंदों का सहारा बनकर मिसाल पेश की है। गरीब बेटियों के विवाह,स्लम एरिया के बच्चों की शिक्षा और आत्मरक्षा प्रशिक्षण जैसे क्षेत्रों में उनका योगदान अत्यंत सराहनीय है।उन्होंने विशेष रूप से बच्चियों को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने के लिए ताइक्वांडो जैसी आत्मरक्षा कला की निशुल्क ट्रेनिंग शुरू की। इसका परिणाम यह है कि आज कई बेटियां जिला स्तर से लेकर इंटरनेशनल स्तर तक देश का नाम रोशन कर रही हैं। हाल ही में 24 बच्चों का इंटरनेशनल टूर्नामेंट के लिए चयन हुआ, जहां सभी ने पदक हासिल कर शानदार प्रदर्शन किया। इस उपलब्धि में कोच सुल्तान खान का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा, जिनके मार्गदर्शन में बच्चों ने सफलता प्राप्त की। इस टीम में काजल पटेल,काजल कनौजिया,प्रीति पाल,शिवानी विश्वकर्मा,आयुष गुप्ता,फैसल खान,अरसलान,असद,पंकज,आर्यन यादव सहित अन्य प्रतिभाशाली खिलाड़ी शामिल रहे,जो वाराणसी,चंदौली,मिर्जापुर,गोंडा और लखनऊ जैसे विभिन्न जिलों से हैं। आज शबा खान केवल एक नाम नहीं बल्कि एक प्रेरणा बन चुकी हैं—एक ऐसा ब्रांड,जो निस्वार्थ सेवा,महिला सशक्तिकरण और समाज के उत्थान का प्रतीक है।